Vaishnava Songs
नंदग्राम धाम
नंदग्राम धाम वैष्णव भजन · nandgramdham.org/songs/hi

सहजे निताइचान्देर रीत

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सहजे निताइचान्देर रीत देखि उनमत जगत-चित
अर्थ

भगवान् नित्यानन्द चन्द्र की लीलाओं को देखकर जगत के लोगों का चित्त आनन्द से उन्मत्त हो उठता है।

अबनी कम्पित निताइ-भरे भाया भाया बले गम्भीर-स्वरे
अर्थ

नित्यानन्द के चरणों के भार से पृथ्वी कम्पित होती है। वे गम्भीर स्वर में पुकारते हैं, 'हे भाई! हे भाई!'

गौर बलिते शौर-हीन कान्दे भा-इयार भाबे रजनी दिन
अर्थ

वे 'गौर!' पुकार उठते हैं। श्रीकृष्ण के वियोग के भाव से अभिभूत होकर नित्यानन्द रात-दिन रोते रहते हैं।

निताइ-चरणे ये करे आश बृन्दाबन तार दासेर दास
अर्थ

जो कोई भगवान् नित्यानन्द के चरणों को पाने की आकांक्षा रखता है, वृन्दावन दास उसके दास के दास हैं।

यह भजन यहाँ भी है