Vaishnava Songs
नंदग्राम धाम
नंदग्राम धाम वैष्णव भजन · nandgramdham.org/songs/hi

मीरार प्रभु एसो गिरिधारी

टेक
मिरार् प्रभु, एसो गिरिधारि श्यामोल्, सुन्दर श्याम्.
अर्थ

सुन्दर श्याम ही मीराबाई के प्रभु हैं। हे गिरिधारी, कृपया मेरे पास आइए!

हृदोय् जमुना, धुकुल चापिया प्रेम बोहिछे उजान् श्यामोल्, सुन्दर श्याम्
अर्थ

मेरा हृदय यमुना नदी के समान है, जो अपने दोनों किनारों से बँधी हुई है, और अब आपके लिए दिव्य प्रेम से उफन रहा है।

मन कदम्बे, फुतिआछे फूल् प्रेम तरङ्गे, लेगेछे धूल् एसो एसो हरि, बजिये बँसोरी श्री राधिकार् मन प्राण् श्यामोल्, सुन्दर श्याम्
अर्थ

मेरे मन का कदम्ब वृक्ष फूलों से खिल उठा है, जो दिव्य प्रेम की तरंगों पर इधर-उधर झूम रहे हैं। हे हरि, कृपया आइए और अपनी बाँसुरी बजाइए। आप श्रीमती राधिका के प्राण और आत्मा हैं।

तोमार् लागिया, छरिनु घोर् आपोनो जोने, कोरिनु पोर् जेइ भावे कादाले, ब्रज गोपिनी रे सेइ भावे कादाले, प्रेम सङ्गिनी रे अभागिनी मिरार्, मिनोति राखो भुलो भुलो अभिमान् श्यामोल्, सुन्दर श्याम्
अर्थ

मीराबाई कहती हैं, “हे श्याम, आपके लिए मैंने अपना घर छोड़ दिया, और अपने परिवार को भी छोड़ दिया। जिस प्रकार व्रज की गोपियाँ आपसे विरह में रोईं, उसी प्रकार मैं भी आपकी प्रेममयी भक्त बनकर रोती हूँ। कृपया अपनी इस परम अभागिनी मीरा की यह प्रार्थना अपने चरण-कमलों में रखिए और मेरे झूठे अभिमान को भुला दीजिए।”

इस भजन के बारे में

रचयिता
मीराबाई
पद
4

ऑडियो के लिए आभार: इस्कॉन डिज़ायर ट्री। सभी भक्त गायकों की जय।