Vaishnava Songs
नंदग्राम धाम
नंदग्राम धाम वैष्णव भजन · nandgramdham.org/songs/hi

निता इ गुण मणि आमार निता इ गुण मणि

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निता-इ गुण-मणि आमार निता-इ गुण-मणि आनिया प्रेमेर बन्या भासा-इल अबनी
अर्थ

मेरे निताई गुणों के रत्न हैं, निताई गुणों के रत्न हैं। उन्होंने प्रेम का सागर लाकर इस संसार में बाढ़ ला दी।

प्रेमेर बन्या ल-इया निता-इ आ-इल गौड-देशे डुबिल भकत सब दीन हीन भासे
अर्थ

प्रेम का सागर साथ लेकर वे गौड़-देश में आए। हर भक्त उस प्रेम-सागर में डूब गया। केवल पतित पापी ही उस पर तैरते रह गए।

दीन हीन पतित पामर नाहि बाछे ब्रह्मार दुर्लभ प्रेम यारे तारे याचे
अर्थ

दीन, हीन, पतित और तुच्छ लोग उस प्रेम को स्वीकार नहीं करना चाहते थे। फिर भी निताई प्रभु ने सबसे विनती की कि वे उस दुर्लभ प्रेम को स्वीकार करें, जिसे ब्रह्मा भी नहीं पा सकते।

आबान्ध-करुणा निता-इ काटिया मोहन घरे घरे बुले प्रेम-अमियार बान
अर्थ

करुणा का वह सागर बँधा हुआ था। परन्तु निताई प्रभु ने एक नहर खोदकर प्रेम के उस अमृत-सागर को घर-घर पहुँचा दिया।

लोचन बले आमार निता-इ येबा नाहि माने आनल भेजा-इ तार माझ मुख-खाने
अर्थ

लोचन दास कहते हैं: जो कोई यह नहीं कहता कि 'निताई प्रभु मेरे स्वामी हैं', वह अपने ही मुख में आग लगा लेता है।