Vaishnava Songs
नंदग्राम धाम
नंदग्राम धाम वैष्णव भजन · nandgramdham.org/songs/hi

राधे! पुष्पोद्याने गिया कुसुम चयने

राधे! पुष्पोद्याने गिया, कुसुम चयने नियुक्त थाकिब सबे कृष्ण आसि तथा, पुष्प चोर बलि तोमाके धरिबे तबे
अर्थ

हे राधे! हम सब फूलों के उपवन में जाकर फूल चुनने में लग जाएँगी। तभी कृष्ण वहाँ आकर हमें फूल-चोर कहेंगे और आपको पकड़ लेंगे।

तुमि कबे हरि, एखने आमार वृन्दा-सखी अधिकारी तोमाके के माने, ना आइस एखने पुष्प तुले पर नारी
अर्थ

कब आप हरि से कहेंगी, "यहाँ मेरी अधिकारिणी वृन्दा सखी हैं। आपको कौन मानता है? यहाँ मत आइए, पराई स्त्रियाँ फूल चुन रही हैं।"

बलिबेन् कृष्ण, दृष्ट नारी-गण एखन आमार हय तोमा सबे धरि, लव यथा राजा कन्दर्प नामेते रय
अर्थ

कृष्ण कहेंगे, "ढीठ स्त्रियो! अब तुम मेरी हो। तुम सबको पकड़कर मैं वहाँ ले जाऊँगा जहाँ कन्दर्प नाम का राजा रहता है!"

मोर हात हते, फुल साजि काडि लैबे नागर वर तोमार दोहाइ, दिब आमि सबे हारिबे रसिक वर
अर्थ

वे नागर-श्रेष्ठ मेरे हाथ से फूलों की डलिया छीन लेंगे। सबके सामने वे आपकी दुहाई देंगे, और रसिक-श्रेष्ठ आपको ले जाएँगे।

इस भजन के बारे में

ग्रन्थ
सेवा लालसा
पद
4