Vaishnava Songs
नंदग्राम धाम
नंदग्राम धाम वैष्णव भजन · nandgramdham.org/songs/hi

राधे! मधु पान छले कत ये खेलिबे

राधे! मधु-पान छले, कत ये खेलिबे तुमि लञा वंशीधारी से सुखे मगन, हबे यत सखी आनन्द हैबे भारि
अर्थ

हे राधे! मधु-पान के बहाने आप वंशीधारी को साथ लेकर कितने ही खेल खेलेंगी। उस सुख में सब सखियाँ मग्न होंगी, और आनन्द बहुत बढ़ जाएगा।

सूर्य-रूपी हरि, पूजिबे यतने सूर्येय मन्दिरे याइ विपक्षे वञ्चिया, सबे सुखे तबे आनन्दे मातिबे राइ
अर्थ

सूर्य के मन्दिर में जाकर आप बड़े यत्न से सूर्य-रूप हरि की पूजा करेंगी। विरोधियों को चकमा देकर हम सब सुख से रहेंगी, और राई आनन्द में मतवाली हो जाएँगी।

बेला अवसाने, देखिया तखन चलिब आपन घरे आमा सबे लञा, कृष्ण नाम गाञा हर्षान्वित कलेबरे
अर्थ

दिन ढलता देखकर तब मैं अपने घर लौटूँगी। हम सब प्रसन्न मन से कृष्ण-नाम गाती हुई चलेंगी।

कृष्ण धेनु-पाल, सङ्ग्रह करिया मुरलीर रबे रङ्गे गोष्ठ मुखे याबे, खेलिते खेलिते बलराम दादा सङ्गे
अर्थ

कृष्ण सब गौओं और ग्वालों को इकट्ठा करके, मुरली की तान छेड़ते हुए, खेलते-खेलते दादा बलराम के साथ गोष्ठ की ओर जाएँगे।

इस भजन के बारे में

ग्रन्थ
सेवा लालसा
पद
4